रांची: छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो की भर्ती व्यवस्था सुधार यात्रा के नेमरा पहुंचने से पहले ही माहौल गरमा गया है। यात्रा के विरोध में बड़ी संख्या में ग्रामीण गांव के बाहर सड़क पर एकजुट हो गए हैं। ग्रामीणों ने पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ जुटकर साफ कर दिया है कि वे यात्रा को गांव के भीतर प्रवेश नहीं करने देंगे।
ग्रामीणों के विरोध की मुख्य वजह नेमरा को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का पैतृक गांव बताया जाना है। ग्रामीणों का कहना है कि हेमंत सोरेन को यहां मांझी हड़ाम के तौर पर सम्मान प्राप्त है। ऐसे में उनके पैतृक गांव में पहुंचकर मुख्यमंत्री के खिलाफ राजनीतिक विरोध या प्रदर्शन किया जाना उन्हें स्वीकार नहीं है।
ग्रामीणों का कहना है कि वे लोकतांत्रिक तरीके से विरोध और अपनी बात रखने के अधिकार के खिलाफ नहीं हैं। लेकिन उनका मानना है कि किसी व्यक्ति के पैतृक गांव में पहुंचकर उसके खिलाफ राजनीतिक कार्यक्रम करना उचित नहीं है। इसी आधार पर उन्होंने देवेंद्र नाथ महतो की यात्रा का विरोध करने का फैसला लिया है।
फिलहाल यात्रा के नेमरा पहुंचने से पहले ही गांव के बाहर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई है। पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ ग्रामीणों के एकजुट होने से इलाके में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों ने दोहराया है कि यात्रा को गांव में प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा।
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