बिहार की राजधानी पटना में हवाला नेटवर्क के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है। यह पूरा मामला तब उजागर हुआ जब एक कार हादसे के बाद पुलिस टीम ने एक संदिग्ध इनोवा क्रिस्टा गाड़ी का पीछा किया। गाड़ी को रोककर जब तलाशी ली गई, तो उसमें से करीब 30 लाख रुपये का बेहिसाबी कैश बरामद हुआ। नकदी मिलने के बाद पुलिस ने गाड़ी में सवार तीन लोगों को हिरासत में लेकर गहन पूछताछ शुरू कर दी।
कौन हैं हिरासत में लिए गए आरोपी
हिरासत में लिए गए तीनों आरोपियों की पहचान संजय कुमार, दिग्विजय ठाकुर और पटेल कारण कुमार सिंधाभाई के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, ये तीनों मूल रूप से गुजरात के रहने वाले हैं।
गुजरात से निकले थे, कोलकाता में होनी थी डिलीवरी
सूत्रों के अनुसार, आरोपी गुजरात से इनोवा क्रिस्टा में यह कैश लेकर निकले थे और रकम की डिलीवरी कोलकाता में की जानी थी। इसी सिलसिले में तीनों पटना पहुंचे थे, जहां रास्ते में उनकी गाड़ी का एक्सीडेंट हो गया। हादसे के बाद पुलिस ने संदेह होने पर गाड़ी का पीछा किया और उसे पकड़ लिया। इसके बाद पुलिस और आयकर विभाग यह पता लगाने में जुट गए कि बरामद रकम किसकी है और इसका डिलीवरी नेटवर्क कहां तक फैला है।
बुद्धा कॉलोनी के फ्लैट में भी छापेमारी
कार्रवाई के दौरान पुलिस और आयकर विभाग की टीम ने संयुक्त रूप से बुद्धा कॉलोनी थाना क्षेत्र स्थित अरण्य बलभद्र अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर 101 में भी तलाशी और जांच चलाई। जांच एजेंसियों को आशंका है कि बरामद नकदी किसी बड़े संगठित हवाला नेटवर्क का हिस्सा हो सकती है।
3,000 करोड़ के नेटवर्क की आशंका, जांच जारी
दावा किया जा रहा है कि इस हवाला नेटवर्क का कारोबार करीब 3,000 करोड़ रुपये तक का हो सकता है, हालांकि इस आंकड़े और अन्य दावों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। मामला सामने आने के बाद पटना में अलग-अलग ठिकानों पर आयकर विभाग की छापेमारी जारी है। एजेंसियां रकम के मुख्य स्रोत, संभावित लाभार्थियों और इससे जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाने में लगी हैं, ताकि पूरे नेटवर्क की तह तक पहुंचा जा सके।




