रांची: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मानव तस्करी और वेश्यावृत्ति से जुड़े मामले में रांची के माइकल जोसेफ तिर्की और उनकी पत्नी मोना तिर्की के खिलाफ कार्रवाई की है। एजेंसी ने दोनों के नाम पर खरीदी गई जमीन और मकान समेत करीब 3.60 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति जब्त की है। ED के मुताबिक, इन संपत्तियों को कथित अवैध कमाई से खरीदा गया था। संपत्तियों का दस्तावेजी मूल्य करीब 3.60 करोड़ रुपये है, जबकि बाजार मूल्य 5 करोड़ रुपये से अधिक आंका गया है।
बांग्लादेश से लड़कियों को भारत लाया जाता था
यह मामला बांग्लादेश से लड़कियों को अवैध तरीके से भारत लाकर वेश्यावृत्ति में धकेलने के आरोपों से जुड़ा है। ED ने वर्ष 2024 में बरियातू थाने में दर्ज प्राथमिकी के आधार पर ECIR दर्ज कर जांच शुरू की थी। प्राथमिकी में आरोप लगाया गया था कि निपाह अख्तर खुशी नाम की बांग्लादेशी युवती को नौकरी दिलाने का झांसा देकर भारत लाया गया।
जंगल के रास्ते सीमा पार कराने का आरोप
पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार, निपाह को पहले कोलकाता और फिर रांची लाया गया था। आरोप है कि मनीषा और झूमा नाम की महिलाओं की मदद से 31 मई 2024 की आधी रात उसे जंगल के रास्ते सीमा पार कर भारत लाया गया। रांची पहुंचने के बाद उसे बाली रिसॉर्ट में करीब दो दिन रखा गया। इसके बाद उसे एक अपार्टमेंट में ले जाया गया, जहां पहले से दो बांग्लादेशी युवतियां मौजूद थीं।
पुलिस के मुताबिक, 3 जून 2024 को निपाह वहां से निकलने में सफल रही और पुलिस के पास पहुंची। उसकी शिकायत के आधार पर बरियातू थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई। बाद में ED ने धन के लेन-देन की जांच शुरू की।
पश्चिम बंगाल में भी हुई छापेमारी
मामले की जांच के दौरान ED ने पश्चिम बंगाल में कई ठिकानों पर छापेमारी की थी। जांच में रॉनी मंडल, संदीप चौधरी, पिंटू हलधर और पिंकी बासु मुखर्जी की गिरफ्तारी का भी उल्लेख सामने आया। एजेंसी इन लोगों की भूमिका और नेटवर्क से जुड़े आर्थिक लेन-देन की जांच कर रही है।
माइकल तिर्की और पत्नी पर क्या आरोप?
ED की जांच के अनुसार, बांग्लादेश से रांची लाई गई लड़कियों के रहने और अन्य व्यवस्थाओं में माइकल जोसेफ तिर्की और उनकी पत्नी मोना तिर्की की भूमिका थी। एजेंसी का आरोप है कि इस व्यवस्था के बदले उन्हें पैसे मिलते थे। जांच के दौरान ED ने कमाई और उससे खरीदी गई जमीन-मकान का पता लगाया।
दस्तावेजी मूल्य 3.60 करोड़, बाजार मूल्य 5 करोड़ से अधिक
ED ने माइकल और मोना तिर्की के नाम पर खरीदी गई अचल संपत्तियों को जब्त किया है। एजेंसी के अनुसार, इनका दस्तावेजी मूल्य करीब 3.60 करोड़ रुपये है, जबकि बाजार मूल्य 5 करोड़ रुपये से अधिक होने का अनुमान है। यह कार्रवाई अपराध से अर्जित धन से बनाई गई संपत्ति के खिलाफ की गई है।
मामले में जांच जारी है। माइकल जोसेफ तिर्की और मोना तिर्की के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर अंतिम फैसला अदालत में होना बाकी है। ED नेटवर्क, धन के स्रोत और अन्य लोगों की भूमिका की पड़ताल कर रही है।
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