कृषि प्रसार कार्यक्रमों को प्रभावी और किसान हितैषी बनाने पर मंथन, कार्यक्रम निर्माण से लेकर सोशल मीडिया और डिजिटल प्रसारण तक की दी गई जानकारी

रांची। किसानों तक कृषि से जुड़ी नवीन तकनीकों, वैज्ञानिक पद्धतियों और सरकारी योजनाओं की जानकारी प्रभावी ढंग से पहुंचाने के उद्देश्य से सोमवार को दूरदर्शन केंद्र, रांची में एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय की ‘मास मीडिया सपोर्ट टू एग्रीकल्चरल एक्सटेंशन’ योजना के तहत आयोजित इस कार्यशाला में कृषि प्रसार कार्यक्रमों के पुनर्रूपण, बेहतर संचालन और प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में संजय प्रसाद (डीडीजी सेल्स) उपस्थित थे।
कार्यक्रम प्रमुख सुधीर कुमार ने कार्यशाला के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इसका मुख्य उद्देश्य कृषि प्रसार कार्यक्रमों की गुणवत्ता में सुधार करना, कार्यक्रम निर्माण और प्रसारण की प्रक्रियाओं को अधिक प्रभावी बनाना तथा विभिन्न दूरदर्शन केंद्रों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना है।
कार्यक्रम निर्माण और डिजिटल प्रसारण पर चर्चा
कार्यशाला में कृषि आधारित कार्यक्रमों के निर्माण, प्रसारण और प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से जानकारी साझा की गई। इसके साथ ही सोशल मीडिया संचालन, वित्तीय प्रबंधन, कार्यक्रमों और रॉ फुटेज के आदान-प्रदान, संगीत एवं अन्य सामग्री के संग्रहण तथा अभिलेखीकरण जैसे विषयों पर भी चर्चा हुई। उपलब्ध संसाधनों के बेहतर उपयोग और विभिन्न केंद्रों के बीच कार्यक्रम सामग्री के पारस्परिक आदान-प्रदान पर विशेष जोर दिया गया।
प्रतिभागियों को कार्यक्रम निर्माण से लेकर प्रसारण और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सामग्री के प्रचार-प्रसार तक की व्यावहारिक जानकारी दी गई। वक्ताओं ने कहा कि कृषि संबंधी नवीन तकनीकों, वैज्ञानिक तरीकों और सरकारी योजनाओं की जानकारी किसानों तक पहुंचाने में दूरदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका है। कार्यक्रमों को अधिक उपयोगी, गुणवत्तापूर्ण और किसान हितैषी बनाने के लिए आपसी समन्वय जरूरी है।
विभिन्न दूरदर्शन केंद्रों के अधिकारी हुए शामिल
कार्यशाला में अश्वनी कुमार, गौतम कुमार वर्मा, अनूप खजूरिया (सलाहकार, डीडी किसान), शालिनी कुशवाह, नीलेश रघुवंशी, सुरेश चंद मीणा, वीरेंद्र कुमार परिहार, श्याम नारायण चौधरी, शम्स हैदर नकवी, विवेक आजाद, देबाशीष हलदर, बिस्वा कुमार दास, नीलम सोना, मुकेश के. चंद्राकर, सुरजीत नस्कर, अब्दुल शकूर हुसैनी और सायन चटर्जी समेत विभिन्न दूरदर्शन केंद्रों के अधिकारी एवं कार्यक्रम निर्माण से जुड़े कर्मी मौजूद रहे।
रांची दूरदर्शन केंद्र से कार्यालय प्रमुख के.के. साहू, कार्यक्रम अधिशासी सुशील कुमार, पूर्णिमा कुमारी, सुभाष कुमार, गोविंद झा, अमन कुमार, अमन गुप्ता और प्रभात रंजन ने हिस्सा लिया। कार्यशाला का समापन कृषि प्रसार कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन, बेहतर समन्वय, पारदर्शिता और उपलब्ध संसाधनों के अधिकतम उपयोग के संकल्प के साथ हुआ।


