पाकुड़ जिले के महेशपुर से एक रोमांचक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक पालतू कुत्ते की सूझबूझ ने पूरे परिवार को बड़े हादसे से बचा लिया। अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) विजय कुमार के सरकारी आवास में आधी रात एक जहरीला सांप घुस आया, लेकिन समय रहते हुई सतर्कता ने स्थिति को संभाल लिया।
कैसे शुरू हुई पूरी घटना
घटना उस वक्त की है जब करीब 5.5 फीट लंबा जहरीला स्पेक्टेकल्ड कोबरा मुख्य दरवाजे से होते हुए घर के भीतर घुसने की कोशिश कर रहा था। घर में मौजूद पालतू कुत्ते ने सबसे पहले सांप की मौजूदगी को भांप लिया और लगातार भौंकना शुरू कर दिया। कुत्ते की असामान्य और लगातार भौंकने की आवाज सुनकर परिवार के सदस्य सतर्क हो गए।
जैसे ही परिवार वाले बाहर निकले, मुख्य दरवाजे के पास फन फैलाए खड़ा विशालकाय कोबरा देखकर पूरे परिसर में अफरा-तफरी मच गई। ऐसे संवेदनशील पद पर तैनात अधिकारी के आवास में इस तरह जहरीले सांप का पहुंचना अपने आप में हैरान करने वाली बात थी।
रेस्क्यू टीम ने संभाला मोर्चा
घटना की सूचना मिलते ही वन्यजीव रक्षक (स्नेक रेस्क्यूअर) मौके पर पहुंचे। बेहद सावधानी और पेशेवर तकनीक का इस्तेमाल करते हुए उन्होंने काफी मशक्कत के बाद 5.5 फीट लंबे कोबरा को सुरक्षित रूप से पकड़ लिया। रेस्क्यू के दौरान किसी भी तरह की अनहोनी न हो, इसका पूरा ध्यान रखा गया।
जंगल में छोड़ा गया कोबरा
सांप को पकड़ने के बाद वन्यजीव संरक्षण नियमों का पालन करते हुए उसे सुरक्षित रूप से जंगल में उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया, ताकि न तो सांप को नुकसान पहुंचे और न ही आसपास रहने वाले लोगों को कोई खतरा हो।
यह घटना एक बार फिर यह साबित करती है कि पालतू जानवर सिर्फ परिवार का हिस्सा भर नहीं होते, बल्कि कई बार वे संकट की घड़ी में सबसे बड़े रक्षक भी साबित होते हैं। कुत्ते की सतर्कता न होती तो नतीजा कुछ और भी हो सकता था।

