उत्तर प्रदेश के मऊ जिले से एक दिल छू लेने वाला मामला सामने आया है, जिसमें क्लास एक की छात्रा समरा नाज खुद जिलाधिकारी के पास अपनी शिकायत लेकर पहुंच गईं। मऊ नगरपालिका परिषद के वार्ड नंबर 17 में रहने वाली 7 साल की समरा एक प्राइवेट स्कूल में पढ़ती हैं। 31 अगस्त को वे अपने पिता के साथ स्कूल यूनिफॉर्म पहने ही मऊ जिला मुख्यालय पहुंचीं, जहां डीएम आनंद वर्धन उस समय ‘जनता दरबार’ में लोगों की समस्याएं सुन रहे थे। मासूम बच्ची को शिकायत लेकर आया देख डीएम ने खुद उससे अलग से बात की।
खराब सड़क से गिरती हैं, यूनिफॉर्म भी होती है गंदी
समरा ने डीएम को बताया कि वह ऑटो से स्कूल जाती हैं, लेकिन रास्ते में सड़क का हिस्सा बुरी तरह टूटा-फूटा है, जिसकी वजह से उन्हें और अन्य बच्चों को अक्सर चोट लग जाती है। उन्होंने यह भी बताया कि कीचड़ के छींटे उनकी यूनिफॉर्म को गंदा कर देते हैं, जिसके चलते उन्हें स्कूल में टीचर्स और स्कूल प्रशासन की नाराजगी भी झेलनी पड़ती है। छात्रा ने डीएम से गुजारिश की कि उनके घर से स्कूल तक के रास्ते को जल्द ठीक कराया जाए। शिकायत में उन्होंने खासतौर पर 25 मीटर के खराब हिस्से का जिक्र किया।
डीएम ने दिया जांच का भरोसा, हल्के-फुल्के अंदाज में हुई बातचीत
डीएम आनंद वर्धन ने समरा की शिकायत पर संबंधित अधिकारियों को सड़क के खराब हिस्से का निरीक्षण करने का निर्देश दिया और भरोसा दिलाया कि बिना देरी किए स्थिति की जांच कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि यह इलाका मऊ नगरपालिका के अंतर्गत आता है और निरीक्षण के बाद मरम्मत का काम कराया जाएगा। बातचीत के दौरान माहौल हल्का-फुल्का भी रहा, जब डीएम ने पूछा कि आज स्कूल क्यों नहीं गईं। समरा के पिता के साथ आने की बात बताने पर डीएम ने मजाकिया अंदाज में कहा कि इसके लिए पापा को डांट लगेगी, क्योंकि वे खुद भी अपनी बात कह सकते थे। बच्ची का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
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