रांची: पंडरा थाना परिसर में महिला द्वारा पुलिस हिरासत में आत्महत्या की कोशिश किए जाने की घटना ने सियासी हलकों में भी हलचल मचा दी है। भारतीय जनता पार्टी झारखंड के प्रवक्ता पातुल शाहदेव ने हमारे पोर्टल पर प्रकाशित इस खबर को अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा करते हुए मामले को गंभीर बताया और पुलिस प्रशासन से सीधा सवाल पूछा है।
क्या लिखा भाजपा प्रवक्ता ने
अपने पोस्ट में पातुल शाहदेव ने लिखा कि राजधानी रांची से यह खबर बेहद चिंताजनक है। उन्होंने सवाल उठाया कि पंडरा थाने के पुलिस हाजत में पत्नी द्वारा खुदकुशी की कोशिश आखिर कैसे संभव हुई। उन्होंने पूछा कि क्या यह पुलिसकर्मियों की निगरानी में चूक थी, या मामला कुछ और है। साथ ही उन्होंने घटना में कानून सम्मत कार्रवाई की मांग करते हुए झारखंड पुलिस, रांची डीआईजी और रांची पुलिस के आधिकारिक हैंडल को भी अपने पोस्ट में टैग किया।
अपनी पोस्ट में उन्होंने पीड़िता के पति दिनेश कुमार के उस बयान का भी ज़िक्र किया, जिसमें दिनेश ने बताया था कि पत्नी को हवालात में उनके साथ रखा गया था और जैसे ही वे बाहर गए, उसी दौरान उनकी पत्नी ने फांसी लगाने की कोशिश की।
प्रवक्ता ने क्यों उठाया मुद्दा
राजनीतिक हलकों में इसे प्रशासनिक जवाबदेही से जोड़कर देखा जा रहा है। पातुल शाहदेव का कहना है कि हिरासत में किसी भी व्यक्ति की सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी पुलिस की होती है, और ऐसे में हाजत के भीतर इस तरह की घटना होना निगरानी व्यवस्था पर सीधा सवाल खड़ा करता है। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर तथ्यों को सार्वजनिक करने की अपील की है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि चूक कहां हुई।


