100 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा लागू, चप्पे-चप्पे पर सुरक्षाबलों की तैनाती; नकल और गड़बड़ी रोकने के लिए विशेष निगरानी
झारखंड। झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा (जेटेट)-2026 को लेकर राज्यभर में प्रशासन और पुलिस पूरी तरह सतर्क नजर आ रहे हैं। रविवार सुबह पहली पाली की परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों का परीक्षा केंद्रों पर पहुंचना शुरू हो गया। केंद्रों में प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों की कड़ी सुरक्षा जांच की जा रही है। सघन तलाशी के बाद ही उन्हें परीक्षा केंद्र के अंदर जाने की अनुमति दी जा रही है। परीक्षा को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और कदाचारमुक्त संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं।
परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम
जेटेट परीक्षा को लेकर सभी परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी गई है। केंद्रों के मुख्य प्रवेश द्वार पर पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। यहां प्रत्येक अभ्यर्थी की जांच की जा रही है, ताकि कोई भी प्रतिबंधित सामग्री परीक्षा हॉल तक नहीं पहुंच सके। प्रशासन की ओर से प्रवेश प्रक्रिया पर विशेष नजर रखी जा रही है। सुरक्षा जांच के दौरान निर्धारित नियमों का पालन कराया जा रहा है।
परीक्षा केंद्रों पर तैनात सुरक्षाकर्मी अभ्यर्थियों की गतिविधियों पर भी नजर रख रहे हैं। किसी भी संदिग्ध गतिविधि को गंभीरता से लेने का निर्देश दिया गया है। परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था में किसी तरह की ढिलाई नहीं बरतने की हिदायत दी गई है।
100 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा लागू
परीक्षा केंद्रों के आसपास कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन ने विशेष कदम उठाए हैं। सभी परीक्षा केंद्रों के 100 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है। इसके तहत केंद्रों के आसपास अनावश्यक भीड़ जुटाने और अव्यवस्था फैलाने पर रोक लगाई गई है।
प्रशासन का उद्देश्य परीक्षा केंद्रों के आसपास शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखना है, ताकि अभ्यर्थियों को परीक्षा देने में किसी तरह की परेशानी न हो। इसके साथ ही बाहरी व्यक्तियों की अनावश्यक आवाजाही पर भी निगरानी रखी जा रही है। पुलिसकर्मियों को निर्देश दिया गया है कि परीक्षा केंद्रों के आसपास किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर तत्काल कार्रवाई की जाए।
चप्पे-चप्पे पर पुलिस और सुरक्षाबलों की तैनाती
जेटेट परीक्षा को लेकर सुरक्षा व्यवस्था के तहत परीक्षा केंद्रों और उनके आसपास पुलिस एवं सुरक्षाबलों की तैनाती की गई है। प्रशासनिक अधिकारी लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। परीक्षा केंद्रों के आसपास गश्त और निगरानी की व्यवस्था भी की गई है।
अधिकारियों की प्राथमिकता परीक्षा को बिना किसी बाधा के संपन्न कराना है। इसके लिए पुलिस और प्रशासन के बीच समन्वय बनाकर काम किया जा रहा है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए सुरक्षा कर्मियों को सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है।
नकल और गड़बड़ी रोकने के लिए विशेष निगरानी
परीक्षा में नकल, अनुचित साधनों के इस्तेमाल और अन्य अनियमितताओं को रोकने के लिए प्रशासन विशेष सतर्कता बरत रहा है। परीक्षा केंद्रों पर अधिकारियों की निगरानी के साथ सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत रखा गया है। किसी भी तरह की गड़बड़ी की आशंका को देखते हुए प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी लगातार अलर्ट हैं।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा की शुचिता से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने, नकल कराने या परीक्षा प्रक्रिया में बाधा उत्पन्न करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
निष्पक्ष परीक्षा संपन्न कराना प्रशासन की प्राथमिकता
झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा राज्य के अभ्यर्थियों के लिए महत्वपूर्ण परीक्षा है। ऐसे में इसकी निष्पक्षता और पारदर्शिता बनाए रखना प्रशासन के सामने बड़ी जिम्मेदारी है। इसी को ध्यान में रखते हुए परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
रविवार सुबह से ही केंद्रों पर सुरक्षा जांच के बाद प्रवेश की प्रक्रिया जारी है। प्रशासन की कोशिश है कि सभी अभ्यर्थी निर्धारित नियमों के तहत शांतिपूर्ण माहौल में परीक्षा दे सकें। अब सभी की नजर परीक्षा के सुचारु संचालन और शांतिपूर्ण समापन पर टिकी हुई है।
