जन आंदोलन मंच ने 1932 के खतियान आधारित स्थानीय नीति के तहत योग्य अभ्यर्थियों की बहाली का उठाया सवाल, मंत्री इरफान अंसारी ने मुख्यमंत्री तक बात पहुंचाने का दिया भरोसा
रांची/इटकी। इटकी में निर्माणाधीन अजीम प्रेमजी यूनिवर्सिटी, अस्पताल और स्कूल में स्थानीय युवाओं को रोजगार में प्राथमिकता देने की मांग तेज होने लगी है। करीब 5,000 करोड़ रुपये की लागत से विकसित हो रहे इस प्रोजेक्ट में क्षेत्र के शिक्षित और योग्य अभ्यर्थियों को अवसर देने की मांग को लेकर जन आंदोलन मंच के प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी से मुलाकात की। मंच के केंद्रीय अध्यक्ष मो. मुरतेजा आलम के नेतृत्व में पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री को मांग पत्र सौंपकर स्थानीय युवाओं की बहाली का मुद्दा उठाया।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि राज्य में बड़े स्तर पर शैक्षणिक और स्वास्थ्य संस्थानों का निर्माण हो रहा है। ऐसे में स्थानीय युवाओं को भी उनकी योग्यता और कौशल के अनुरूप रोजगार के अवसर मिलने चाहिए। मंच ने मांग की कि अजीम प्रेमजी यूनिवर्सिटी, अस्पताल और स्कूल में नियुक्तियों के दौरान 1932 के खतियान के आधार पर बनी स्थानीय नीति को ध्यान में रखते हुए योग्य स्थानीय अभ्यर्थियों के हितों की रक्षा की जाए।
प्रोजेक्ट में स्थानीय युवाओं को अवसर देने की मांग
जन आंदोलन मंच के प्रतिनिधियों ने कहा कि क्षेत्र में इतना बड़ा संस्थान विकसित होने से शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में संभावनाएं बढ़ सकती हैं। लेकिन इसका लाभ स्थानीय युवाओं तक भी पहुंचना चाहिए। उन्होंने कहा कि शिक्षित और योग्य युवाओं को अपने ही राज्य में रोजगार के लिए भटकना न पड़े, इसके लिए संस्थान के प्रबंधन के साथ स्पष्ट बातचीत और बहाली की व्यवस्था जरूरी है।
मंच ने मांग की कि स्थानीय अभ्यर्थियों की योग्यता के अनुरूप उपलब्ध पदों पर उन्हें अवसर देने की दिशा में ठोस पहल की जाए। प्रतिनिधिमंडल ने इस मुद्दे को केवल रोजगार तक सीमित नहीं बताते हुए इसे स्थानीय युवाओं के भविष्य और उनके अधिकारों से जुड़ा विषय बताया।
स्वास्थ्य मंत्री ने मुख्यमंत्री तक बात पहुंचाने का दिया भरोसा
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने प्रतिनिधिमंडल की मांगों को गंभीरता से सुना। उन्होंने आश्वासन दिया कि स्थानीय युवाओं की बहाली से जुड़े इस मुद्दे को सरकार के समक्ष प्रमुखता से रखा जाएगा और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को भी इससे अवगत कराया जाएगा।
मंत्री ने कहा कि वह अजीम प्रेमजी यूनिवर्सिटी का निरीक्षण करने के साथ वहां की कमेटी और प्रबंधन से स्थानीय युवाओं को रोजगार देने के मुद्दे पर उच्च स्तर पर बातचीत करेंगे। इसके अलावा, प्रदेश यूथ कांग्रेस के महासचिव और गुमला जिला प्रभारी आरिफ राजा को एक सप्ताह के भीतर यूनिवर्सिटी का निरीक्षण कर प्रबंधन से वार्ता करने और स्थानीय योग्य अभ्यर्थियों की बहाली की दिशा में पहल करने को कहा गया।
विधायक शिल्पी नेहा तिर्की से भी मिलेगा मंच
जन आंदोलन मंच के केंद्रीय अध्यक्ष मो. मुरतेजा आलम ने कहा कि मंच स्थानीय युवाओं के रोजगार और अधिकारों के लिए लगातार आवाज उठाता रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि योग्य स्थानीय अभ्यर्थियों को रोजगार दिलाने के लिए हर स्तर पर प्रयास किए जाएंगे और इस मुद्दे पर किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।
मुरतेजा आलम ने बताया कि मंच जल्द ही क्षेत्र की विधायक और कैबिनेट मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की से भी मुलाकात करेगा। इस दौरान अजीम प्रेमजी यूनिवर्सिटी, कॉलेज, अस्पताल और स्कूल में स्थानीय युवाओं की बहाली सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की जाएगी।
प्रतिनिधिमंडल में मो. मुरतेजा आलम के अलावा कांग्रेस मंडल अध्यक्ष सह स्वास्थ्य विभाग के विधायक प्रतिनिधि अबूमाज टीकू, नैय्यर शहाबुद्दीन, मुश्ताक आलम, जानिशार आलम, मो. कैफ, मुजाहिद अहसन और वसीम जौहर शामिल थे।
