बोकारो। जिले में नशीले पदार्थों के कारोबार और इसके बढ़ते दुरुपयोग पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस ने अब कार्रवाई तेज करने की तैयारी शुरू कर दी है। युवाओं और विद्यार्थियों को नशे की गिरफ्त से बचाने के लिए नशे के पूरे नेटवर्क को चिन्हित कर उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
6वीं राज्य स्तरीय एनसीओआरडी (नारकोटिक्स कोऑर्डिनेशन कमेटी) बैठक में मिले दिशा-निर्देशों के बाद बोकारो में आगे की कार्रवाई की रणनीति तैयार की गई। इसी क्रम में उपायुक्त अजय नाथ झा और पुलिस अधीक्षक नाथू सिंह मीणा की अध्यक्षता में संबंधित अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक हुई। बैठक में सहायक कलेक्टर, डीएसपी सिटी समेत अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
सप्लाई चेन के हर स्तर की होगी निगरानी
बैठक में अधिकारियों को नशीले पदार्थों के स्रोत से लेकर उनकी आपूर्ति, वितरण और इस्तेमाल तक पूरे नेटवर्क की पहचान करने का निर्देश दिया गया। प्रशासन अब अपस्ट्रीम और डाउनस्ट्रीम लिंक पर विशेष नजर रखेगा, ताकि नशे के कारोबार से जुड़े लोगों और नेटवर्क तक पहुंच बनाई जा सके।
अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि नशीले पदार्थों की सप्लाई चेन के प्रत्येक स्तर से जुड़ी जानकारी जुटाई जाए और उसके आधार पर कानून के तहत प्रभावी कार्रवाई की जाए।
जब्त नशीले पदार्थों के निस्तारण पर भी जोर
बैठक में नशीले पदार्थों की जब्ती के साथ-साथ उनके सुरक्षित और नियमानुसार ड्रग डिस्पोजल की प्रक्रिया को भी प्राथमिकता देने का निर्देश दिया गया। जरूरत पड़ने पर मामलों और संदिग्ध नेटवर्क से जुड़ी सूचनाएं सीआईडी, एनसीबी और अन्य संबंधित एजेंसियों के साथ साझा की जाएंगी।
अंतर-जिला या अंतर-राज्यीय नेटवर्क से जुड़ी जानकारी मिलने पर संबंधित एजेंसियों के साथ समन्वय कर त्वरित कार्रवाई करने पर भी जोर दिया गया।
स्कूल-कॉलेजों के आसपास विशेष निगरानी
नशे के खिलाफ अभियान में शैक्षणिक संस्थानों को विशेष फोकस एरिया बनाया गया है। स्कूलों, कॉलेजों और अन्य शिक्षण संस्थानों के आसपास के इलाकों में नियमित निगरानी और जांच अभियान चलाने का निर्णय लिया गया है।
प्रशासन का उद्देश्य ऐसे स्थानों पर नशीले पदार्थों की उपलब्धता और बिक्री पर प्रभावी रोक लगाना है, ताकि विद्यार्थी और युवा नशे के नेटवर्क का शिकार न बनें।
कार्रवाई के साथ जागरूकता अभियान भी
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि नशे के खिलाफ लड़ाई सिर्फ गिरफ्तारी और जब्ती तक सीमित नहीं रहेगी। युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए विशेष जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा।
इसमें स्कूल-कॉलेजों के साथ अभिभावकों, युवाओं और सामाजिक संगठनों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। विद्यार्थियों को नशे से होने वाले शारीरिक, मानसिक और सामाजिक नुकसान के प्रति जागरूक किया जाएगा।
युवाओं का भविष्य सुरक्षित करना प्राथमिकता
उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक ने कहा कि बोकारो के विद्यार्थियों और युवाओं का भविष्य सुरक्षित रखना प्रशासन की प्राथमिकता है। नशे के खिलाफ अभियान में प्रशासन और पुलिस के साथ शैक्षणिक संस्थानों, अभिभावकों और समाज के सभी वर्गों की भागीदारी जरूरी है।
अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने और नशे के खिलाफ चल रही गतिविधियों की नियमित समीक्षा करने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन का लक्ष्य नशे के कारोबार पर प्रभावी प्रहार के साथ नशा-मुक्त और सुरक्षित बोकारो की दिशा में लगातार कार्रवाई करना है।
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