जमशेदपुर के साकची गोलचक्कर के पास शुक्रवार को ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर शुरू हुआ एक छोटा विवाद कुछ ही देर में बड़े हंगामे में बदल गया। मामले की शुरुआत तब हुई जब मौके पर तैनात ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने ऑटो में बैठे कुछ किन्नरों को जाम की स्थिति को देखते हुए वहां से हटने के लिए कहा।

पुलिसकर्मियों और किन्नरों के बीच बढ़ा टकराव
पुलिसकर्मियों की इस अपील पर दोनों पक्षों के बीच बातचीत विवाद में बदल गई। स्थिति तब और बिगड़ गई जब किन्नरों ने इसका विरोध जताते हुए सड़क के बीचोंबीच प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस दौरान मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई और आम राहगीर भी असमंजस में फंस गए।
मारपीट और वर्दी फाड़ने के आरोप
घटना के दौरान ट्रैफिक पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट करने और उनकी वर्दी फाड़ने का भी आरोप लगाया गया है। हालांकि इस पूरे मामले में दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं, और प्रशासन की ओर से आधिकारिक पुष्टि की प्रक्रिया जारी है।
यातायात हुआ प्रभावित, अन्य पुलिसकर्मी पहुंचे मौके पर
सड़क पर हंगामा बढ़ने के कारण उस क्षेत्र का यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए मौके पर मौजूद अन्य पुलिसकर्मी भी तुरंत सक्रिय हो गए और भीड़ को शांत करने का प्रयास किया।
माफी की मांग पर अड़े रहे किन्नर
जानकारी के अनुसार, घटना के दौरान किन्नर समुदाय के लोग पुलिसकर्मियों से माफी की मांग करते हुए प्रदर्शन पर अड़े रहे। कुछ समय तक स्थिति तनावपूर्ण बनी रही, जिसके बाद प्रशासनिक हस्तक्षेप से मामला शांत हुआ। इस घटना ने एक बार फिर व्यस्त इलाकों में ट्रैफिक प्रबंधन के दौरान संयम और संवेदनशीलता बरतने की जरूरत को रेखांकित किया है। पुलिस प्रशासन की ओर से इस पूरे मामले की जांच की जा रही है।
इसे भी पढ़िए : JHARKHAND DIGITAL IMPACT : मिल गयी बच्चों को ‘ रेनी डे’ की छुट्टी


