हजारीबाग। शहर से लेकर जिले के अलग-अलग इलाकों में सार्वजनिक स्थानों पर अड्डेबाजी करने और बेवजह जमावड़ा लगाकर आम लोगों को परेशान करने वालों के खिलाफ हजारीबाग पुलिस ने बड़ा अभियान चलाया। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर 2 अक्टूबर की रात शुरू हुई इस विशेष कार्रवाई में पुलिस की 45 टीमों ने एक साथ जिले के 108 चिह्नित ठिकानों पर छापेमारी की। अचानक हुई पुलिस की इस कार्रवाई से सड़क किनारे, चौक-चौराहों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर जमावड़ा लगाने वालों के बीच हड़कंप मच गया। अभियान के दौरान पुलिस ने 47 लोगों को हिरासत में लिया। हालांकि, पूछताछ और आवश्यक चेतावनी देने के बाद सभी को पीआर बांड पर छोड़ दिया गया।
45 टीमों ने एक साथ संभाला मोर्चा
हजारीबाग पुलिस ने इस अभियान को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया। इसके लिए जिले के सभी पुलिस उपाधीक्षकों और पुलिस निरीक्षकों के नेतृत्व में कुल 45 विशेष टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों में 191 पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल थे। पुलिस की अलग-अलग टीमों ने अपने-अपने क्षेत्रों में अड्डेबाजी और संदिग्ध गतिविधियों वाले स्थानों को चिह्नित कर कार्रवाई की।
अभियान की खास बात यह रही कि जिले के 108 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई। इससे लोगों को संभलने या एक स्थान से दूसरे स्थान पर जाने का मौका नहीं मिला। पुलिस की इस अचानक कार्रवाई ने सार्वजनिक स्थानों पर बेवजह समय बिताने और लोगों को परेशान करने वालों को सकते में डाल दिया।
चौक-चौराहों और सार्वजनिक स्थानों पर पुलिस की नजर
पुलिस की इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य सार्वजनिक स्थानों पर अनावश्यक जमावड़ा लगाने वालों पर नियंत्रण करना और आम लोगों के लिए सुरक्षित माहौल तैयार करना था। अक्सर देखा जाता है कि कुछ लोग सार्वजनिक स्थानों पर समूह बनाकर लंबे समय तक अड्डेबाजी करते हैं। इससे वहां से गुजरने वाले लोगों, खासकर महिलाओं और युवतियों को असहज स्थिति का सामना करना पड़ता है।
इसके अलावा कई स्थानों पर बेवजह भीड़ जुटने से स्थानीय लोगों और राहगीरों को भी परेशानी होती है। पुलिस ने इसी तरह की गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए जिलेभर में एक साथ अभियान चलाया। कार्रवाई के दौरान पुलिस टीमों ने अलग-अलग स्थानों पर मौजूद लोगों से पूछताछ की और अनावश्यक रूप से जमावड़ा लगाने वालों को हिरासत में लेकर थाने पहुंचाया।
47 लोगों को हिरासत में लेकर की गई पूछताछ
विशेष अभियान के दौरान कुल 47 लोगों को पुलिस ने पकड़ा। सभी को संबंधित थानों में लाकर पूछताछ की गई। पुलिस ने उन्हें सार्वजनिक स्थानों पर अनावश्यक रूप से भीड़ लगाने और आम लोगों को परेशान करने से बचने की हिदायत दी। इसके बाद सभी को पीआर बांड पर छोड़ दिया गया।
हालांकि, पुलिस की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया कि इस कार्रवाई का उद्देश्य केवल लोगों को हिरासत में लेना नहीं, बल्कि सार्वजनिक स्थानों पर अनुशासन बनाए रखना और असामाजिक गतिविधियों पर रोक लगाना है। पुलिस ने पकड़े गए लोगों को भविष्य में ऐसी गतिविधियों में शामिल नहीं होने की चेतावनी भी दी।
आगे भी जारी रहेगा विशेष अभियान
हजारीबाग पुलिस ने साफ कर दिया है कि जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने और आम नागरिकों को सुरक्षित माहौल देने के लिए इस तरह के अभियान आगे भी जारी रहेंगे। सार्वजनिक स्थानों पर अड्डेबाजी, अनावश्यक जमावड़ा और लोगों को परेशान करने की शिकायत मिलने पर संबंधित क्षेत्रों में कार्रवाई की जाएगी।
इस अभियान के जरिए पुलिस ने यह संदेश देने की कोशिश की है कि सार्वजनिक स्थान किसी की निजी जागीर नहीं हैं और वहां आम लोगों की सुविधा एवं सुरक्षा से समझौता नहीं किया जा सकता। 45 टीमों, 191 पुलिसकर्मियों और 108 ठिकानों पर हुई इस कार्रवाई को जिले में कानून-व्यवस्था मजबूत करने की दिशा में एक बड़ी पहल के तौर पर देखा जा रहा है।
