गुमला के पोजेगा गांव में देर रात हुई वारदात, टांगी से हमले में 40 वर्षीय बेटे की मौत; त्योहार की खुशियां मातम में बदलीं
दशहरा पर परिवार के साथ वक्त बिताने और त्योहार मनाने के लिए दूसरे राज्य से अपने गांव लौटा कुलदीप यादव अब इस दुनिया में नहीं रहा। झारखंड के गुमला जिले के पालकोट थाना क्षेत्र स्थित पोजेगा गांव में पारिवारिक विवाद के दौरान उसकी हत्या कर दी गई। आरोप है कि उसके पिता हरिनारायण यादव ने टांगी से हमला कर उसकी जान ले ली। घटना गुरुवार की देर रात करीब 12 बजे की बताई जा रही है। वारदात के बाद परिवार में मातम पसरा है, वहीं गांव के लोग भी घटना से स्तब्ध हैं।
कहासुनी से बढ़ा विवाद, टांगी से हमले का आरोप
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, गुरुवार रात कुलदीप यादव और उसके पिता हरिनारायण यादव के बीच किसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ। पहले दोनों के बीच कहासुनी हुई, लेकिन देखते ही देखते मामला बढ़ गया। आरोप है कि इसी दौरान हरिनारायण यादव ने टांगी से कुलदीप पर हमला कर दिया।
हमले में कुलदीप गंभीर रूप से घायल हो गया। उसकी मौत हो गई। हालांकि, पिता-पुत्र के बीच विवाद किस बात को लेकर शुरू हुआ था और घटना के समय वहां कौन-कौन मौजूद था, इसकी स्पष्ट जानकारी अभी सामने नहीं आई है। वारदात की पूरी परिस्थितियों का पता जांच के बाद ही चल सकेगा।
त्योहार मनाने के लिए घर आया था कुलदीप
बताया जा रहा है कि 40 वर्षीय कुलदीप यादव दूसरे राज्य में रहकर काम करता था। दशहरा के अवसर पर वह अपने गांव पोजेगा लौटा था, ताकि परिवार के साथ त्योहार मना सके। घर में त्योहार का माहौल था, लेकिन देर रात हुई इस घटना ने परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया।
जिस बेटे के घर लौटने से परिवार को त्योहार पर साथ रहने की खुशी मिली थी, उसकी मौत की खबर ने परिजनों को गहरे सदमे में डाल दिया। गांव में भी घटना को लेकर चर्चा है। स्थानीय लोग इस बात से हैरान हैं कि घर के भीतर शुरू हुआ विवाद इतनी गंभीर वारदात में बदल गया।
शराब के नशे में होने की भी चर्चा, वजह स्पष्ट नहीं
प्रारंभिक जानकारी में दावा किया जा रहा है कि घटना के समय कुलदीप शराब के नशे में था। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। विवाद की असली वजह क्या थी, क्या पहले से किसी बात को लेकर तनाव था और घटना किन परिस्थितियों में हुई, इन सभी पहलुओं पर स्पष्ट जानकारी सामने आना बाकी है।
ऐसे मामलों में शुरुआती तौर पर सामने आने वाली बातों और जांच में स्थापित तथ्यों के बीच अंतर हो सकता है। इसलिए घटना के कारण और आरोपित की भूमिका को लेकर अंतिम निष्कर्ष आधिकारिक जांच के बाद ही निकाला जा सकता है।
जांच के बाद साफ होगी घटना की पूरी तस्वीर
दशहरा के दौरान हुई इस घटना ने एक परिवार को गहरे दुख में डाल दिया है। फिलहाल, उपलब्ध जानकारी के अनुसार पिता पर बेटे की हत्या का आरोप है। घटना के संबंध में प्राथमिकी दर्ज होने, पुलिस की कार्रवाई और आरोपी की स्थिति को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी की पुष्टि होना बाकी है।
अब सबसे अहम सवाल यही है कि पिता-पुत्र के बीच विवाद किस बात पर हुआ और आखिर मामला हिंसा तक कैसे पहुंच गया। पुलिस जांच से ही इन सवालों के जवाब सामने आ सकेंगे। फिलहाल, पोजेगा गांव में त्योहार की खुशियों की जगह शोक का माहौल है।


