Friday, October 30

बोकारो: JSW पर्वतपुर कोल ब्लॉक से जुड़ी रैयतों की मांगों और धरना-प्रदर्शन के बाद जिला प्रशासन ने मामले को लेकर सख्ती दिखाई है। शुक्रवार को डीसी अजय नाथ झा ने कंपनी प्रबंधन, जिला खनन पदाधिकारी (डीएमओ) और संबंधित अंचलाधिकारी को जरूरी दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि कोल ब्लॉक से प्रभावित सभी रैयतों और उनकी जमीन का अभिलेखों के आधार पर पारदर्शी तरीके से सत्यापन किया जाए। इसके साथ ही सत्यापन के बाद पूरी जानकारी की डिजिटल सूची तैयार करने का निर्देश दिया गया है।

डीसी ने अंचलाधिकारी को कहा कि संबंधित क्षेत्र के सभी प्रभावित रैयतों और उनकी जमीन की पहचान कर उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर जांच की जाए। इसके बाद तैयार की जाने वाली डिजिटल सूची में हर योग्य रैयत का नाम शामिल होना चाहिए। प्रशासन का उद्देश्य है कि किसी भी पात्र रैयत का नाम छूटे नहीं और सूची में किसी तरह की गड़बड़ी या विसंगति की गुंजाइश न रहे।

स्थानीय स्तर पर मामलों के समाधान का निर्देश

उपायुक्त ने कंपनी प्रबंधन और संबंधित अधिकारियों को सभी मामलों का स्थानीय स्तर पर नियमानुसार निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही सभी पक्षों के बीच समन्वय बनाए रखने और आपसी बातचीत के जरिए समस्याओं का समाधान करने पर जोर दिया।

क्षेत्र में धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा रहेगी लागू

विधि-व्यवस्था को लेकर डीसी ने साफ किया कि क्षेत्र में शांति बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है। इसके लिए एसडीएम की ओर से भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 के तहत लागू निषेधाज्ञा प्रभावी रहेगी। उन्होंने रैयतों और कंपनी प्रबंधन, दोनों से प्रशासनिक निर्देशों का पालन करने की अपील की।

डीसी ने चेतावनी दी कि किसी भी पक्ष को कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी। विधि-व्यवस्था बाधित करने या नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

Share.
Next Story
जिम्नास्टिक्स में दम दिखाएंगे झारखंड के युवा खिलाड़ी, चक्रधरपुर में राज्य चैंपियनशिप का आगाज
Exit mobile version