Tuesday, September 22

बोकारो: बोकारो थर्मल का स्वामी विवेकानंद मैदान मंगलवार को झारखंडी लोक संस्कृति के रंग में रंगा नजर आया। बेरमो प्रखंड में आयोजित करम महोत्सव 2026 में मांदर की थाप, पारंपरिक गीत-संगीत और रीति-रिवाजों ने पूरे माहौल को उत्सवमय बना दिया। महोत्सव में बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि, स्थानीय लोग और अधिकारी शामिल हुए।

कार्यक्रम में उपायुक्त अजय नाथ झा, पुलिस अधीक्षक नाथू सिंह मीणा, प्रशिक्षु आईएएस अरविंद राधाकृष्णन, बेरमो एसडीओ मनोज कुमार, बीडीओ मुकेश कुमार और सीओ संजीत कुमार समेत अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

अधिकारियों ने बजाया मांदर, पारंपरिक अंदाज में हुआ स्वागत

करम महोत्सव में झारखंड की लोक परंपरा की खूबसूरत झलक देखने को मिली। कार्यक्रम के दौरान उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक, प्रशिक्षु आईएएस समेत अन्य पदाधिकारियों ने मांदर बजाकर महोत्सव में अपनी भागीदारी निभाई। ग्रामीणों ने भी अतिथियों का स्वागत पारंपरिक लोटा-पानी की परंपरा के साथ किया।

कार्यक्रम की शुरुआत भगवान बिरसा मुंडा की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन करने के साथ हुई। इसके बाद पारंपरिक विधि-विधान के अनुसार करम यानी करमी पेड़ की डाली की पूजा-अर्चना की गई। गीत-संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में लोक संस्कृति की जीवंत तस्वीर पेश की।

प्रकृति और संस्कृति से जुड़ने का संदेश देता है करम पर्व

महोत्सव को संबोधित करते हुए उपायुक्त अजय नाथ झा ने जिलेवासियों और विशेष रूप से बहनों को करम पर्व की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि करम पर्व झारखंड की समृद्ध लोक संस्कृति और प्रकृति के साथ लोगों के गहरे जुड़ाव का प्रतीक है।

उन्होंने कहा कि ऐसे पर्व केवल धार्मिक या सांस्कृतिक आयोजन नहीं हैं, बल्कि इनके जरिए प्रकृति के संरक्षण, सामाजिक एकजुटता और सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाने का संदेश भी मिलता है। आधुनिक जीवनशैली के बीच अपनी परंपराओं को सहेजकर रखना जरूरी है, ताकि आने वाली पीढ़ियां भी अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़ी रहें।

जल-जंगल-जमीन के संरक्षण की परंपरा से सीखने की जरूरत

उपायुक्त ने कहा कि आदिवासी समाज की जीवनशैली और परंपराओं में जल, जंगल, जमीन और प्रकृति के संरक्षण का महत्वपूर्ण संदेश छिपा है। उन्होंने लोगों से अपनी लोक संस्कृति, भाषा, परंपराओं और पर्व-त्योहारों को संरक्षित रखने के साथ युवा पीढ़ी को भी इससे जोड़ने की अपील की। करम जैसे आयोजन समाज में भाईचारे, आपसी सहयोग और सामुदायिक एकजुटता को मजबूत करने का काम करते हैं। ऐसे आयोजनों के जरिए लोक संस्कृति केवल मंच तक सीमित नहीं रहती, बल्कि नई पीढ़ी तक भी पहुंचती है।

उपायुक्त ने करम महोत्सव के सफल आयोजन के लिए आयोजकों और ग्रामीणों को शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम के दौरान पूरे मैदान में पारंपरिक उत्साह और उल्लास का माहौल बना रहा।

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Sanjana Kumari is a media professional, content writer, and voiceover artist with experience since 2023. She has expertise in digital media, social media, news writing, editing, and content management. Currently, she works as an Input In-Charge at Jharkhand Digital, handling news inputs and digital content. She is proficient in writing and articulating articles and voiceovers in both Hindi and English.

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