Wednesday, September 23

हजारीबाग/बड़कागांव: गैंगस्टर प्रिंस खान गिरोह के खिलाफ हजारीबाग पुलिस को बड़ी सफलता मिलने का दावा किया गया है। बड़कागांव थाना क्षेत्र में पुलिस और गिरोह से जुड़े एक संदिग्ध के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें संदिग्ध के पैर में गोली लगी। पुलिस ने उसके कब्जे से हथियार, जिंदा कारतूस, मिस फायर गोली, बम और धमकी भरे पर्चे बरामद किए हैं।

पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई 25 जुलाई 2026 को 13 माइल ट्रांसपोर्ट रोड पर हुई गोलीबारी के मामले में की गई। इस संबंध में बड़कागांव थाना में कांड संख्या 133/26 दर्ज है।

पूछताछ में सामने आई गिरोह से कनेक्शन की बात

पुलिस ने इस मामले में अंकित कुमार पांडेय, पिता अरुण कुमार पांडेय, निवासी पिपराडीह को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था। पूछताछ के दौरान पुलिस को कथित तौर पर पता चला कि अंकित ने Telegram के जरिए प्रिंस खान और K.S.S. गिरोह के सदस्यों से संपर्क किया था।

पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में उसने 25 जुलाई की रात 13 माइल ट्रांसपोर्ट रोड पर हुई गोलीबारी में शामिल होने की बात स्वीकार की। इसके अलावा प्रिंस खान संगठन के नाम से धमकी भरे पर्चे बांटे जाने की जानकारी भी सामने आई।

हथियार बरामदगी के दौरान पुलिस पर फायरिंग

पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान अंकित ने हथियार और बम छिपाए जाने की जगह की जानकारी दी। उसकी निशानदेही पर पुलिस टीम पिपराडीह के पास स्थित एक बंद पड़े गैस प्लांट में बरामदगी के लिए पहुंची।

इसी दौरान आरोपी ने पुलिस जवान को धक्का देकर भागने का प्रयास किया और बरामद पिस्तौल से पुलिस की ओर फायरिंग कर दी। पुलिस के अनुसार, आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की गई, जिसमें अंकित के पैर में गोली लगी।

गोली लगने के बाद घायल आरोपी को तत्काल बड़कागांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल, हजारीबाग रेफर किया गया।

हथियार और धमकी भरे पर्चे बरामद

पुलिस ने घटनास्थल से निम्न सामान बरामद करने की जानकारी दी है—

  • एक देसी पिस्तौल
  • 7.62 एमएम का एक खोखा
  • 7.62 एमएम की एक मिस फायर गोली
  • 7.62 एमएम की एक जिंदा गोली
  • एक देसी बम
  • चार हस्तलिखित धमकी भरे पर्चे

फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। पुलिस गिरोह से जुड़े अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी जांच कर रही है और संभावित अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।

पुलिस की कार्रवाई के बाद यह भी जांच का विषय है कि 25 जुलाई की गोलीबारी में और कौन-कौन लोग शामिल थे और हथियार व धमकी भरे पर्चों को उपलब्ध कराने में किन लोगों की भूमिका थी।

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