Wednesday, November 4

रांची: धनतेरस से दिवाली के पांच दिनों के पर्व की शुरुआत होती है, जो इस साल शुक्रवार, 6 नवंबर को है। इस दिन सोना, चांदी और नए बर्तन खरीदना शुभ माना जाता है। रांची के अपर बाजार, मेन रोड और लालपुर के बाजार सज चुके हैं। लेकिन इस बार सोना रिकॉर्ड स्तर के करीब है, इसलिए हर रुपया सोच-समझकर खर्च करना जरूरी है।

धनतेरस का शुभ मुहूर्त :

पंचांग के मुताबिक त्रयोदशी तिथि 6 नवंबर को सुबह 10:30 बजे शुरू होकर 7 नवंबर को सुबह 10:47 बजे तक रहेगी। धनतेरस की पूजा सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में की जाती है। रांची में सूर्यास्त करीब 5 बजे होता है, इसलिए शाम का समय पूजा के लिए उत्तम रहेगा। सटीक समय के लिए अपना स्थानीय पंचांग जरूर देखें।

खरीदारी तिथि शुरू होने के बाद दिनभर की जा सकती है।

क्या खरीदें?
  • सोना या चांदी: ज्येवरी नहीं तो एक छोटा सिक्का भी शुभ माना जाता है।
  • बर्तन: पीतल, तांबे या स्टील के बर्तन सबसे लोकप्रिय हैं।
  • झाड़ू: नई झाड़ू खरीदने की परंपरा उत्तर भारत के कई परिवारों में है।
  • धनिया और दीये: साबुत धनिया और मिट्टी या गोबर के दीये सस्ते और शुभ विकल्प हैं।
  • इलेक्ट्रॉनिक्स और गाड़ी: आजकल बहुत लोग इस दिन बड़ी खरीदारी भी करते हैं।

परंपरा के मुताबिक इस दिन चाकू-कैंची जैसी धारदार चीजें, कांच का सामान और काले रंग की चीजें खरीदने से बचा जाता है।

आज का सोने का भाव :

3 नवंबर को दिल्ली में 24 कैरेट सोना करीब 1,39,530 रुपये और 22 कैरेट करीब 1,27,910 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा। यह अक्टूबर के रिकॉर्ड स्तर 1,51,570 रुपये से करीब 12,000 रुपये कम है।

पिछले कुछ दिनों में दाम तेजी से ऊपर-नीचे हुए हैं
31 अक्टूबर को एक ही दिन में 24 कैरेट सोना करीब 5,060 रुपये सस्ता हुआ था। रांची में दाम दुकान और शहर के हिसाब से थोड़े अलग हो सकते हैं। याद रखें, इन दामों में मेकिंग चार्ज और 3 फीसदी GST शामिल नहीं है।

सोना खरीदने से पहले ये 5 बातें जरूर जांचें
  1. हॉलमार्क देखें: हर हॉलमार्क ज्येवरी पर तीन निशान होते हैं: BIS का तिकोना लोगो, शुद्धता (जैसे 22 कैरेट के लिए 22K916) और 6 अक्षरों का HUID कोड। 1 अप्रैल 2023 से बिना HUID वाली हॉलमार्क ज्येवरी बेचना मना है।
  2. BIS CARE ऐप से HUID जांचें: मुफ्त BIS CARE ऐप में ‘Verify HUID’ पर कोड डालें। ऐप शुद्धता, ज्येवलर का रजिस्ट्रेशन, हॉलमार्किंग सेंटर और गहने का प्रकार दिखाता है। कुछ गलत लगे तो इसी ऐप से शिकायत भी कर सकते हैं।
  3. मेकिंग चार्ज पर मोलभाव करें: यह अलग-अलग दुकानों में काफी अलग होता है। पूछें कि चार्ज प्रति ग्राम है या प्रतिशत में, और दो-तीन दुकानों में तुलना करें। सिक्के या बार पर मेकिंग चार्ज कम होता है।
  4. वजन अपनी आंखों के सामने कराएं: पत्थर या नग वाली ज्येवरी में सोने का वजन और पत्थर का वजन अलग-अलग लिखवाएं।
  5. पक्का बिल लें: बिल में शुद्धता, वजन, सोने का दाम, मेकिंग चार्ज, GST और HUID साफ-साफ लिखा होना चाहिए। यही बिल बाद में बेचते समय काम आता है।
ठगी से कैसे बचें?
  • भारी छूट” के लालच में न आएं: बहुत सस्ते ऑफर वाले सोशल मीडिया विज्ञापनों और अनजान लिंक से सावधान रहें। ऑनलाइन खरीदें तो सिर्फ भरोसेमंद वेबसाइट या ऐप से।
  • चांदी के सिक्के से सावधान: त्योहारों में नकली या कम शुद्धता वाले सिक्के भी बिकते हैं। सिक्का हमेशा भरोसेमंद दुकान से लें और बिल में शुद्धता लिखवाएं।
  • पेमेंट सुरक्षित रखें: बड़ी रकम का भुगतान कार्ड या UPI से करें ताकि रिकॉर्ड रहे, और किसी के कहने पर OTP साझा न करें।
  • भीड़ में सतर्क रहें: बाजार की भीड़ में पर्स और खरीदे गए गहने संभालकर रखें।

बजट कम हो तो ये विकल्प : सोना महंगा है तो शगुन के लिए छोटा सिक्का, चांदी या सिर्फ बर्तन और धनिया भी उतने ही शुभ माने जाते हैं। निवेश के लिए सोना लेना हो तो ज्येवरी की जगह सिक्का, बार या डिजिटल गोल्ड जैसे विकल्पों में मेकिंग चार्ज का खर्च बचता है। निवेश का बड़ा फैसला लेने से पहले किसी वित्तीय सलाहकार से बात कर लेना बेहतर है।

धनतेरस का असली अर्थ सेहत और समृद्धि की कामना है। इसलिए खरीदारी उतनी ही करें जितनी जेब इजाजत दे, और हर खरीद पर सतर्क रहें।

झारखंड डिजिटल की ओर से आपको धनतेरस की शुभकामनाएं।

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