Tuesday, September 22

नेता प्रतिपक्ष ने JPSC और JSSC के अध्यक्ष, परीक्षा नियंत्रक व सचिव को तत्काल बर्खास्त करने और दोषियों की गिरफ्तारी की उठाई मांग

रांची: झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने राज्य में JPSC और JSSC की परीक्षाओं में बड़े पैमाने पर अनियमितता और नौकरियां बेचने का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि झारखंड में JPSC और JSSC के माध्यम से खुलेआम नौकरियां बेची गई हैं। इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए उन्होंने CBI जांच की मांग करते हुए JPSC और JSSC के अध्यक्ष, परीक्षा नियंत्रक तथा सचिव को तत्काल बर्खास्त करने की मांग की है।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर जारी अपने बयान में बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि परीक्षा में धांधली सुनियोजित तरीके से की गई। उनके अनुसार, दलालों ने अभ्यर्थियों को नेपाल, बिहार और पश्चिम बंगाल ले जाकर 135 से 150 प्रश्न रटवाए, जिनमें से लगभग 120 प्रश्न परीक्षा में हूबहू पूछे गए। उन्होंने दावा किया कि परीक्षा केंद्रों पर इंटरनेट सेवा बंद कराकर इस पूरे खेल को अंजाम दिया गया।

मरांडी ने यह भी आरोप लगाया कि पैसों के लेन-देन के कारण ही JSSC ने 26 हजार आचार्य नियुक्ति परीक्षा का परिणाम एक साथ जारी करने के बजाय अलग-अलग चरणों में प्रकाशित किया।

CID जांच पर भी उठाए सवाल

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि इस मामले में CID की तत्कालीन अधिकारियों संध्या रानी और निधि पांडेय की शुरुआती जांच सही दिशा में आगे बढ़ रही थी और पुरानी डायरी इसके महत्वपूर्ण साक्ष्यों में शामिल थी। उनका आरोप है कि सच्चाई को दबाने के लिए सरकार ने जांच टीम ही बदल दी।

उन्होंने आरोप लगाया कि दागी अधिकारी मनोज कौशिक को CID का ADG बनाया गया, जिन्होंने हाईकोर्ट में गलत हलफनामा दायर किया। मरांडी ने कहा कि हजारीबाग के पुलिस अधीक्षक रहते हुए मनोज कौशिक पर कोयला कारोबार से जुड़े गंभीर आरोप लगे थे, जिनकी ACB जांच आज तक लंबित है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ऐसे अधिकारियों के माध्यम से भ्रष्टाचार और अपराध को संरक्षण दे रही है।

“नौकरी खरीदने वाले 30 साल तक राज्य को नुकसान पहुंचाएंगे”

बाबूलाल मरांडी ने कहा कि जनप्रतिनिधियों को हर पांच साल में जनता के बीच जाकर जवाब देना पड़ता है, लेकिन यदि पैसे देकर नौकरी पाने की प्रवृत्ति बढ़ती है तो ऐसे लोग आने वाले 30 वर्षों तक झारखंड की व्यवस्था को खोखला करेंगे

उन्होंने कहा कि यह केवल छात्रों की लड़ाई नहीं, बल्कि पूरे झारखंड के भविष्य को बचाने की लड़ाई है। उन्होंने राज्य के लोगों से छात्रों का तन, मन और धन से समर्थन करने की अपील की।

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SURBHI SHIPRA is a news editor, content writer , and graphic designer with experience in digital journalism and online media . she specializes in editing news ,articles, content writing, fact-checking , and creating engaging digital content . Along with editorial work, She designs eye-catching graphic and YouTube thumbnails . She is committed to delivering accurate, informative , and reader- focused content with creativity and professionalism. currently working as a journalist at Jharkhand Digital

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