झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा से जुड़े बहुचर्चित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। निचली अदालत के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई पूरी हो गई है। अब यह देखना बाकी है कि मधु कोड़ा दोषी साबित होते हैं या उन्हें क्लीन चिट मिलती है। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट का फैसला सुरक्षित रांची में सुनवाई के दौरान अदालत ने प्रार्थी मधु कोड़ा और प्रवर्तन निदेशालय (ED) दोनों पक्षों की विस्तृत दलीलें सुनी। दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं द्वारा अपना-अपना पक्ष रखे जाने के बाद कोर्ट ने इस…
Author: Jharkhand_digital
झारखंड में इन दिनों जंगल और इंसानी बस्तियों के बीच की दूरी जैसे लगातार कम होती जा रही है। राज्य के अलग-अलग इलाकों में जंगली हाथियों के झुंड की लगातार मौजूदगी ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। कहीं हाथियों का झुंड जंगलों में डेरा डाले हुए है, तो कहीं खेतों में घुसकर फसलों को रौंद रहा है। वहीं कुछ इलाकों में हाथियों के गांवों और आबादी के करीब पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। हालात को देखते हुए कई जगह वन विभाग की ओर से अलर्ट जारी कर लोगों को विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई…
सरकारी बाबू लोग मजा में, आउटसोर्स कर्मी सजा में महात्मा गांधी ने खादी को आत्मनिर्भरता, स्वाभिमान और स्वावलंबन का प्रतीक बनाया था। लेकिन आज गांधी जी का खादी संकट में है। झारखंड ही नहीं देशभर में खादी उद्झायोग से जुड़े लोग भुखमरी का शिकार हो रहे हैं। दरअसल, इसमें भी झोल है, जहां एक तरफ सरकारी बाबू लोग खादी की गाढ़ी कमाई का मजा ले रहे हैं, वहीं अपने पसीने से खादी को आसमान की बुलंदियों तक ले जाने वाले कई कई कर्मियों की हालत खस्ता हो गयी है। राज्य खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड से जुड़े आउटसोर्स कर्मी अपने अधिकार…
लोहरदगा शहर में मंगलवार को एक बेकाबू बॉक्साइट ट्रक ने करीब डेढ़ किलोमीटर तक भारी तबाही मचाई। सदर ब्लॉक मोड़ के पास ट्रक बिजली के एक पोल से जोरदार टक्कर मार बैठा, लेकिन इसके बावजूद चालक ने वाहन रोकने की बजाय आगे बढ़ाना जारी रखा। टक्कर के बाद ट्रक एक के बाद एक कई बिजली के पोल और तारों की चपेट में आता चला गया। बिजली का पोल फंसा, सड़क पर बिखरे तार हादसे के दौरान स्थिति तब और गंभीर हो गई जब एक बिजली का पोल ट्रक में उलझ गया और वह काफी दूर तक सड़क पर घिसटता हुआ…
आजकल ज्यादातर लोग रोजाना भरपेट खाना खाते हैं, लेकिन फिर भी शरीर में कमजोरी और बीमारियां बढ़ रही हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि लोग सिर्फ पेट भरने को ही अच्छी डाइट मान लेते हैं। सफेद चावल या मैदे से बनी चीजें भले ही पेट भर दें, लेकिन अगर थाली में साबुत अनाज, दालें, सब्जियां, फल, नट्स और पर्याप्त प्रोटीन की कमी हो तो यही आदत बीमारियों की जड़ बन सकती है। थाली का असंतुलन बड़ी समस्या आहार विशेषज्ञ डॉ. पारुल शर्मा के मुताबिक, सबसे आम गलती थाली में एक ही तरह के भोजन,…
झारखंड में भर्ती परीक्षाओं की व्यवस्था में सुधार और कथित अनियमितताओं के खिलाफ शुरू की गई ‘भर्ती व्यवस्था सुधार यात्रा’ अब राजधानी रांची पहुंचने वाली है। 24 अगस्त को रामगढ़ जिले के गोला प्रखंड स्थित नेमरा गांव, भगवान बिरसा मुंडा की जन्मस्थली से शुरू हुई यह यात्रा राज्य के सभी 24 जिलों का दौरा करने के बाद 10 सितंबर को रांची पहुंचेगी। छात्रों और अभिभावकों को जागरूक करने का अभियान यात्रा का उद्देश्य छात्रों और अभिभावकों को भर्ती परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों के प्रति जागरूक करना और उनकी मांगों को सरकार तक पहुंचाना है। यात्रा हजारीबाग, चतरा, संथाल परगना, धनबाद,…
संयुक्त राष्ट्र महासभा में दुनिया का नक्शा दिखाने के तरीके को बदलने से जुड़े प्रस्ताव के बाद भारत ने अपनी स्थिति स्पष्ट कर दी है। भारत ने प्रस्ताव के पक्ष में मतदान किया, लेकिन साथ ही साफ कहा कि जम्मू-कश्मीर और लद्दाख समेत भारत के पूरे क्षेत्र को उसके आधिकारिक नक्शे के अनुसार ही दिखाया जाना चाहिए। भारत की सीमाएं अटल हैं और इनके गलत या भ्रामक चित्रण को स्वीकार नहीं किया जाएगा। क्षेत्रफल बदलने वाला नहीं है नया नक्शा दरअसल, संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 4 सितंबर को ऐसे नक्शे को बढ़ावा देने वाले प्रस्ताव को मंजूरी दी, जिसमें दुनिया…
किसी छात्र का करियर दांव पर लगाकर बिना मान्यता के कोर्स चलाना अब मेडिकल कॉलेजों को भारी कीमत चुका सकता है। झारखंड हाई कोर्ट ने ऐसे ही एक मामले में सख्त रुख अपनाते हुए महात्मा गांधी मेमोरियल मेडिकल कॉलेज (एमजीएम), जमशेदपुर को एक छात्र को 46 लाख रुपये से अधिक की राशि लौटाने का आदेश दिया है। जस्टिस आनंद सेन की अदालत ने साफ कहा कि जब कोर्स की मान्यता ही नहीं है, तो उसके आधार पर भरवाया गया बांड कानूनन प्रभावी नहीं रह सकता। बिना मान्यता के कोर्स में मिला था दाखिला मामला 2019-21 सत्र के डीएमआरडी-रेडियोलाजी कोर्स से…
देश में नशे के खिलाफ जंग अब नया मोड़ लेने जा रही है। अब तक की कार्रवाई ज्यादातर छोटे तस्करों की गिरफ्तारी और नशीले पदार्थों की बरामदगी तक सीमित रही है, लेकिन नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने अब पूरे ड्रग नेटवर्क को जड़ से खत्म करने की तैयारी कर ली है। ब्यूरो के “Vision Documents on Narcotic Control 2026-29” में अगले तीन वर्षों के लिए एक विस्तृत रोडमैप तैयार किया गया है, जिसका सीधा असर झारखंड में भी देखने को मिलेगा, जहां अफीम की अवैध खेती और नशीले पदार्थों की तस्करी लंबे समय से एजेंसियों के लिए चुनौती बनी हुई…
झारखंड में लगातार हो रही बारिश का असर अब देश की बिजली व्यवस्था पर दिखाई देने लगा है। राज्य के प्रमुख कोयला क्षेत्रों में भारी बारिश के कारण उत्पादन और कोयले की ढुलाई प्रभावित हुई है। इसका सीधा असर देश के थर्मल पावर प्लांटों पर पड़ा है। केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (CEA) के 4 सितंबर के आंकड़ों के मुताबिक, देश के 57 कोयला आधारित बिजलीघर क्रिटिकल स्टॉक की स्थिति में पहुंच गए हैं। कई बिजलीघरों में केवल चार से पांच दिनों के लिए कोयला बचा है। सामान्य जरूरत का सिर्फ 47 प्रतिशत कोयला उपलब्ध केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (CEA) के आंकड़ों के…
